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सारंडा की महिलाओं के हुनर को मिला बड़ा बाजार, जेसोवा मेले में ‘ROOTs Of SARANDA’ की धूम

by उर्वशी शेखर
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पश्चिमी सिंहभूम की जनजातीय कला, पारंपरिक हुनर और महिला उद्यमिता को बड़े बाजार से जोड़ने की जिला प्रशासन की पहल अब राज्यस्तर पर पहचान बना रही है। इसी कड़ी में रांची के मोरहाबादी मैदान में आयोजित जेसोवा दीपावली मेला-2026 में जिले का ‘ROOTs Of SARANDA’ स्टॉल खास आकर्षण बना हुआ है। यहां स्वयं सहायता समूहों और स्थानीय महिला उद्यमियों के हाथों तैयार उत्पादों को प्रदर्शित करने के साथ बिक्री के लिए भी उपलब्ध कराया गया है।

29 अक्टूबर को झारखंड के मुख्य सचिव अविनाश कुमार ने जेसोवा की अध्यक्ष प्रीति कुमार की मौजूदगी में स्टॉल का उद्घाटन किया। उन्होंने फीता काटने के साथ दीप प्रज्वलित कर इसकी शुरुआत की। इस दौरान मुख्य सचिव ने विभिन्न हस्तनिर्मित वस्तुओं और स्थानीय उत्पादों को देखा। उन्होंने इनकी गुणवत्ता, डिजाइन और जनजातीय कला की विशिष्टता की सराहना की। साथ ही महिलाओं को स्वरोजगार से जोड़ने की इस पहल को महत्वपूर्ण बताया। अपर मुख्य सचिव स्वास्थ्य सह विकास आयुक्त अजय कुमार सिंह ने भी स्टॉल का दौरा कर महिलाओं के बनाए उत्पादों की प्रशंसा की।

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‘सशक्त सिंहभूम’ से महिलाओं को उद्यमिता का अवसर

‘ROOTs Of SARANDA’ स्टॉल पश्चिमी सिंहभूम की स्थानीय प्रतिभाओं को पहचान दिलाने के साथ उनके उत्पादों को नए खरीदारों तक पहुंचाने का माध्यम बन रहा है। इसके जरिए जिला प्रशासन की पहल ‘प्रोजेक्ट बदलाव’ और ‘आकांक्षा हाट’ से जुड़ी महिलाओं के अलावा विभिन्न स्वयं सहायता समूहों की दीदियों को अपने उत्पादों के प्रदर्शन और बिक्री का अवसर दिया गया है।

इस पहल के तहत महिलाओं द्वारा तैयार हस्तशिल्प, पारंपरिक कलाकृतियों और अन्य स्थानीय उत्पादों को बाजार से जोड़ने पर जोर दिया जा रहा है। इससे न केवल उनकी पारंपरिक कला और सांस्कृतिक विरासत को प्रोत्साहन मिल रहा है, बल्कि आय के नए अवसर भी तैयार हो रहे हैं। जिला प्रशासन की ‘सशक्त सिंहभूम’ पहल का उद्देश्य महिलाओं को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाना और स्थानीय संसाधनों पर आधारित रोजगार को बढ़ावा देना है। यह प्रयास मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के महिला सशक्तिकरण के लक्ष्य को स्थानीय स्तर पर आगे बढ़ाने की दिशा में भी अहम माना जा रहा है।

3 नवंबर तक मेले में कर सकेंगे खरीदारी

पश्चिमी सिंहभूम जिला प्रशासन ने राजधानी के लोगों और मेले में पहुंचने वाले आगंतुकों से इस स्टॉल का भ्रमण करने की अपील की है। मोरहाबादी मैदान में स्टॉल संख्या B-32, B-33 और B-34 पर जिले की महिलाओं द्वारा तैयार विभिन्न उत्पाद उपलब्ध हैं।

जेसोवा दीपावली मेला 3 नवंबर 2026 तक चलेगा। प्रशासन ने लोगों से स्थानीय महिला उद्यमियों के उत्पाद खरीदने और उनके हुनर को प्रोत्साहित करने की अपील की है। इससे ग्रामीण महिलाओं को अपने उत्पादों के लिए बेहतर बाजार मिलने के साथ उनकी आर्थिक आत्मनिर्भरता को भी मजबूती मिल सकती है।

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