तेलंगाना के मियापुर की इंदिरा रेड्डी ऑलविन कॉलोनी में एक बुजुर्ग दंपति अपने ही बेटे और बहू के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर उनके घर के बाहर धरने पर बैठ गया। देवरपल्ली लक्ष्मण और उनकी पत्नी जया लक्ष्मी ने आरोप लगाया है कि बेटे और बहू ने उन्हें कथित तौर पर प्रताड़ित कर घर से बाहर कर दिया, जिसके बाद वे इस उम्र में बेघर होने को मजबूर हैं।
दंपति का कहना है कि लंबे समय से उन्हें मानसिक और शारीरिक परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। हालात इतने बिगड़ गए कि उन्हें अपने ही परिवार से अलग होकर बेटे के घर के बाहर बैठकर न्याय की गुहार लगानी पड़ रही है।
पैतृक संपत्ति बेचने की कोशिश का आरोप
लक्ष्मण और जया लक्ष्मी ने यह भी आरोप लगाया कि उनकी जानकारी और सहमति के बिना पैतृक संपत्ति को बेचने का प्रयास किया जा रहा है। बुजुर्ग दंपति ने संपत्ति से जुड़े अपने अधिकारों की सुरक्षा की मांग की है।

उनका कहना है कि उम्र के इस पड़ाव पर उनके पास न तो सुरक्षित घर है और न ही परिस्थितियों से अकेले निपटने की क्षमता। इसलिए उन्होंने प्रशासन और पुलिस से मामले में तत्काल हस्तक्षेप करने की अपील की है।
सम्मान के साथ जीवन बिताने की मांग
धरने पर बैठे दंपति ने अधिकारियों से पूरे मामले की जांच कर उन्हें उनका वैधानिक और पारिवारिक अधिकार दिलाने की मांग की। उनका कहना है कि जीवन के अंतिम पड़ाव में वे किसी विवाद में नहीं पड़ना चाहते, बल्कि सुरक्षित माहौल और सम्मान के साथ अपना जीवन बिताना चाहते हैं।

बेटे-बहू के खिलाफ लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है। मामले में प्रशासन या पुलिस की ओर से विस्तृत प्रतिक्रिया सामने आना बाकी है।
हैदराबाद से विश्वनाथ देहाती की स्पेशल रिपोर्ट