भारत निर्वाचन आयोग ने 16 अक्टूबर को उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड और पश्चिम बंगाल की 12 राज्यसभा सीटों के लिए चुनाव कराने का कार्यक्रम घोषित किया है। इनमें उत्तर प्रदेश की 10 और उत्तराखंड की एक सीट पर कार्यकाल पूरा होने के कारण द्विवार्षिक चुनाव होंगे, जबकि पश्चिम बंगाल की एक सीट पर रिक्ति के चलते उपचुनाव कराया जाएगा। चुनाव कार्यक्रम की घोषणा 22 सितंबर 2026 को की गई है।
उत्तर प्रदेश की जिन सीटों पर चुनाव होना है, उनके मौजूदा सदस्यों का कार्यकाल नवंबर में समाप्त होने वाला है। इनमें केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी और बीएल वर्मा, उत्तर प्रदेश के पूर्व उपमुख्यमंत्री दिनेश शर्मा तथा समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता राम गोपाल यादव शामिल हैं। उत्तराखंड से राज्यसभा सदस्य नरेश बंसल का कार्यकाल 25 नवंबर को समाप्त होगा।
बंगाल की खाली सीट पर भी होगा उपचुनाव
पश्चिम बंगाल में राज्यसभा की एक सीट रिक्त होने के कारण उपचुनाव कराया जाएगा। यह सीट एक मौजूदा टीएमसी सदस्य के इस्तीफे के बाद खाली हुई है, जबकि उनका कार्यकाल अप्रैल 2032 तक था।
चुनाव आयोग के कार्यक्रम के मुताबिक राज्यसभा चुनाव के लिए 29 सितंबर को अधिसूचना जारी होगी। नामांकन दाखिल करने की अंतिम तारीख 6 अक्टूबर, नामांकन पत्रों की जांच 7 अक्टूबर और उम्मीदवारी वापस लेने की आखिरी तारीख 9 अक्टूबर होगी। मतदान 16 अक्टूबर को सुबह 9 बजे से शाम 4 बजे तक होगा और इसी दिन मतगणना भी की जाएगी। पूरी चुनाव प्रक्रिया 19 अक्टूबर तक समाप्त करनी होगी।

आयोग ने मतपत्र पर वरीयता दर्ज करने के लिए निर्धारित प्रक्रिया का पालन करने का निर्देश दिया है। इसके तहत रिटर्निंग ऑफिसर द्वारा उपलब्ध कराए गए बैंगनी रंग के स्केच पेन का ही इस्तेमाल किया जाएगा। चुनाव प्रक्रिया की निगरानी के लिए पर्यवेक्षकों की तैनाती समेत अन्य आवश्यक इंतजाम किए जाएंगे।
28 विधान परिषद सीटों के लिए भी चुनाव कार्यक्रम
निर्वाचन आयोग ने इसके साथ ही बिहार, कर्नाटक, महाराष्ट्र और उत्तर प्रदेश की विधान परिषद की कुल 28 सीटों के लिए भी चुनाव कार्यक्रम घोषित किया है। इनमें स्नातक और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों की सीटें शामिल हैं।
बिहार में स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों की 4 और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों की 4 यानी कुल 8 सीटें शामिल हैं। कर्नाटक में दोनों श्रेणियों की 2-2 सीटों पर चुनाव होगा। महाराष्ट्र में स्नातक वर्ग की 3 और शिक्षक वर्ग की 2 यानी 5 सीटों के लिए मतदान होगा। उत्तर प्रदेश में स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों की 5 और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों की 6 यानी 11 सीटों पर चुनाव कराया जाएगा।
इन चुनावों के लिए भी 6 अक्टूबर नामांकन की अंतिम तारीख है। नामांकन पत्रों की जांच 7 अक्टूबर को होगी और उम्मीदवार 9 अक्टूबर तक नाम वापस ले सकेंगे।
विधान परिषद चुनाव के लिए 23 अक्टूबर को सुबह 8 बजे से शाम 4 बजे तक मतदान होगा, जबकि मतगणना 27 अक्टूबर को की जाएगी। आयोग ने चुनाव प्रक्रिया को निर्धारित समयसीमा में पूरा करने के लिए 31 अक्टूबर की अंतिम तारीख तय की है।